
संवाददाता
कानपुर। जाजमऊ स्थित वाजिदपुर में एचएस इंटरनेशनल टेनरी में भीषण आग लग गई। शॉर्ट सर्किट और जनरेटर से निकली चिंगारी के चलते लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। दमकल की कई गाड़ियों की मशक्कत के बावजूद 15 घंटे बाद भी आग पूरी तरह काबू में नहीं आ सकी।
मजदूर रमेश सिंह, ज्ञानू और साहिल के अनुसार, रात में बिजली जाने के बाद जनरेटर चालू किया गया था। इसी दौरान निकली चिंगारी से सोफे में आग लग गई, जो तेजी से पूरे प्लांट में फैल गई। आग की लपटें बढ़ती देख मजदूरों ने खुद को बचाने के लिए मौके से भागकर जान बचाई।
5 फायर स्टेशनों की 7 गाड़ियों ने 45 बार भरा पानी
सूचना मिलते ही एसीपी, सीएफओ समेत पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंच गईं। आग बुझाने के लिए 5 फायर स्टेशनों से 7 दमकल गाड़ियां लगाई गईं, जिन्होंने आईए टेनरी और बीमा अस्पताल से 45 बार पानी भरकर आग बुझाने का प्रयास किया। इसके बावजूद आग पर पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका।
आग की चपेट में आकर एचएस टेनरी पूरी तरह ध्वस्त हो गई। करोड़ों रुपये की मशीनें और सामान जलकर राख हो गए। अनुमान है कि करीब 5 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है। आग की वजह से मरियम टेनरी की दीवार भी क्षतिग्रस्त हुई, जबकि अरिसा सन टेनरी को हुए नुकसान का आकलन अभी जारी है।
टेनरी के मालिक नौशाद अहमद घटना के समय परिवार के साथ हज के लिए सऊदी अरब गए हुए थे। कर्मचारियों ने उन्हें घटना की जानकारी दे दी है। इस हादसे से करीब 1000 मजदूरों के रोजगार पर संकट मंडराने लगा है।
बुधवार सुबह टेनरी में आग लगने के बाद पुलिस ने पूरे क्षेत्र में बैरिकेडिंग कर दी और आम लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी।
फायर अधिकारी राहुल नंदन ने बताया कि पूरी तरह से आग को बुझाने के प्रयास लगातार जारी हैं और मामले की जांच भी की जा रही है।






