
संवाददाता
कानपुर। छावनी परिषद की लापरवाही का एक मामला सामने आया है। रेलबाजार थाना क्षेत्र के मीरपुर इलाके में सीवर लाइन के लिए खोदे गए 9 फीट गहरे गड्ढे में एक 55 वर्षीय दिव्यांग बुजुर्ग गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। यह गड्ढा बिना किसी सुरक्षा बैरिकेडिंग के खुला छोड़ दिया गया था।
घायल बुजुर्ग की पहचान मीरपुर के कमेला निवासी रहमत अली उर्फ बाबा के रूप में हुई है। वह मोहल्ले में अकेले रहते हैं और दोनों आंखों में मोतियाबिंद के कारण उन्हें ठीक से दिखाई नहीं देता। रोजाना की तरह वह डंडे के सहारे पकरिया चौराहा चाय पीने जा रहे थे, तभी रास्ते में खुले गड्ढे में जा गिरे।
गड्ढा इतना गहरा था कि रहमत खुद बाहर नहीं निकल पाए और मदद के लिए चीखते रहे। उनकी आवाज सुनकर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद रस्सी के सहारे उन्हें गड्ढे से बाहर निकाला। इस हादसे में रहमत उर्फ बाबा की पीठ और कमर में गंभीर चोटें आई हैं, जिससे वह अब चलने-फिरने में पूरी तरह से असमर्थ हो गए हैं।
स्थानीय निवासियों राजेश, अनिल, संतोष और साबिर ने आरोप लगाया है कि कैंटोमेंट बोर्ड की ओर से सीवर पाइप डालने के लिए जेसीबी से खुदाई कराई जा रही थी, लेकिन सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं किए गए। मौके पर न तो बैरिकेडिंग थी और न ही कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया था। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि खुदाई स्थल के आसपास मोहल्ले के बच्चे भी खेलते हैं, जिससे उनके लिए भी खतरा बना हुआ है।






