
संवाददाता
कानपुर। होमगार्ड भर्ती परीक्षा में शामिल हुए परीक्षार्थियों ने भले ही एग्जाम होमगार्ड का दिया, लेकिन उनके सपने कुछ और ही हैं। कोई पुलिस में दरोगा बनना चाहता है, तो कोई प्रोफेसर बनने का सपना देख रहा है। हालांकि, बेरोजगारी के चलते अब वे होमगार्ड बनने को भी तैयार हैं।
कानपुर में परीक्षा केंद्रों से बाहर निकलने वाले अभ्यर्थियों ने कहा कि इस समय सबसे बड़ी जरूरत नौकरी है। कोई भी सरकारी नौकरी मिल जाए, वही उनके लिए बेहतर है।
प्रदेश में होमगार्ड के 41,424 पदों पर भर्ती के लिए परीक्षा आयोजित की गई थी। इसके लिए 25,32,196 आवेदन आए थे । यह परीक्षा प्रदेश में 1053 केंद्रों पर कराई गई । होमगार्ड भर्ती परीक्षा देने के लिए कानपुर शहर में आसपास के कई जनपदों से बड़ी संख्या में अभ्यर्थी पहुंचे। इनमें ग्रेजुएट, पोस्टग्रेजुएट और विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्र भी शामिल हैं।
रायबरेली से परीक्षा देने आए विजय कुमार यादव ने कहा- मैं पुलिस भर्ती परीक्षा में भी शामिल हुआ था, लेकिन उसमें सफल नहीं हो सका। इसके बाद सोचा कि होमगार्ड की परीक्षा देकर यहीं भर्ती हो जाऊं। पिछले तीन साल से पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहा हूं। पढ़ाई के साथ-साथ रोज दौड़ भी लगाता हूं और अपनी फिटनेस पर लगातार काम कर रहा हूं।
मेरा सपना पुलिस विभाग में नौकरी पाने का है, लेकिन फिलहाल कोई भी सरकारी नौकरी मिलना जरूरी है। आज जब मैं होमगार्ड की परीक्षा देने आया, तो यहां भी पेपर काफी कठिन आया।
रायबरेली से परीक्षा देने आए शिव पांडेय ने बताया- मैं पिछले 6 साल से डिफेंस की तैयारी कर रहा हूं। वैकल्पिक तौर पर होमगार्ड भर्ती की इस परीक्षा में शामिल हुआ हूं। अब तक जितने भी पेपर दिए हैं, उनमें आज का पेपर सबसे ज्यादा कठिन लगा।
प्रयागराज के सतीश कुमार मिश्रा ने कहा- मैं होमगार्ड भर्ती की परीक्षा देने आया हूं, लेकिन तैयारी एसएससी की कर रहा हूं। बेरोजगारी इतनी बढ़ गई है कि अब लगता है प्राइवेट नौकरी से बेहतर है कोई भी सरकारी नौकरी मिल जाए। इसलिए इस परीक्षा को भी गंभीरता से दे रहा हूं।
प्रयागराज के रहने वाले अभिषेक ने बताया कि मेरा सपना प्रोफेसर बनने का है, इसलिए एपीओ की तैयारी कर रहा हूं। लेकिन सोचा कि यह परीक्षा भी दे दूं, ताकि कम से कम सरकारी नौकरी में आने का एक मौका मिल सके।
एक अन्य अभ्यर्थी शुभम यादव ने कहा कि मैं लेखपाल की तैयारी कर रहा हूं, लेकिन इस परीक्षा में इसलिए शामिल हुआ हूं कि कहीं भी नौकरी लग जाए। फिलहाल बीएससी कर रहा हूं। यूपीएसआई का एग्जाम भी दिया था। इस समय सबसे जरूरी नौकरी पाना है।






