
संवाददाता
कानपुर। जल्द ही मेट्रो के विस्तार पर मुहर लगेगी। सीएम के सामने बीते दिनों अधिकारियों ने इस प्रस्ताव को रखा है। आने वाले समय में मेट्रो की कनेक्टिविटी से शहर के साथ कानपुर के रूरल एरिया भी जुडे़ंगे। शहर में 88 नए मेट्रो स्टेशन बनाए जा सकते हैं। आईआईटी से मंधना तक मेट्रो दौड़ाने की योजना है।
बर्रा आठ से नौबस्ता तक के रूट का विस्तार भी जल्द ही होगा और 1,900 करोड़ रुपये इस पर खर्च होंगे। इतना ही नहीं मेट्रो ने शहर में विस्तार की जो योजना बनाई है, उसमें नौबस्ता मेट्रो स्टेशन को हमीरपुर रोड पर ही दो किलोमीटर आगे तक बढ़ाया जाएगा। इसका लाभ घाटमपुर की तरफ से आने वालों को होगा। यह रूट पांच वर्ष में बनकर तैयार होगा।
मेट्रो कानपुर में दो कारिडोर बना रहा है। एक कारिडोर आइआइटी से नौबस्ता तक है और दूसरा सीएसए से बर्रा आठ तक। अभी आइआइटी से कानपुर सेंट्रल स्टेशन तक प्राथमिक कारिडोर में मेट्रो ट्रेन चल रही हैं। दिसंबर तक आइआइटी से नौबस्ता तक ट्रेन चल जाएगी।
वहीं 2027 की शुरुआत में सीएसए से बर्रा आठ तक ट्रेन चलने लगेगी, लेकिन बर्रा आठ से नौबस्ता को जोड़ने का भी प्रस्ताव तैयार हो रहा है। इससे दोनों कारिडोर जुड़ जाएंगे। इस रूट का डीपीआर बन गया है। बर्रा आठ से नौबस्ता की दूसरी 5.9 किलोमीटर है। इसके साथ ही नौबस्ता स्टेशन को दो किलोमीटर और आगे बढ़ाया जाएगा।
कानपुर में प्रस्तावित 7 नए कॉरिडोर 74.9 किमी. पर बनेंगे। 850 मीटर पर एक मेट्रो स्टेशन बनाने की योजना है। इस हिसाब से शहर में 88 नये मेट्रो स्टेशन बन सकते हैं।
यूपीएमआरसी की ओर से बनाये गये प्रस्ताव के अनुसार नौबस्ता से बर्रा 8 तक 5.9 किमी. में मेट्रो का नया कॉरिडोर बनाने की तैयारी है। इसी तरह पनकी से केंद्रीय विद्यालय कैंट तक 20.61 किमी लंबा कॉरिडोर बनेगा।
इससे शहर को एक छोर से दूसरे छोर जाने में लोगों को आराम हो जाएगा। मेट्रो के अनुसार नौबस्ता से चकेरी तक 17.6 किमी. में अलग कॉरिडोर बनेगा। इस रूट पर मेट्रो चलने से इंडस्ट्रियल क्षेत्र में कार्य करने वाले संगठित व असंगठित कर्मियों को यात्रा करने में आराम हो जाएगा। इसी तरह आईआईटी कानपुर से मंधना तक 5.44 किमी. तक मेट्रो को चलाने की तैयारी है।






