संवाददाता।
कानपुर। नगर में कोयला नगर के एक लकड़ी गोदाम में देर रात अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरे गोदाम को अपने चपेट में ले लिया। इतना ही नहीं बगल में मौजूद टेंट हाउस और एक पूजा पंडाल डेकोरेटर का गोदाम भी आग की चपेट में आ गया। सूचना पर फायर ब्रिगेड की 8 गाड़ियां मौके पर पहुंची। लेकिन आग की लपटे 300 मीटर ऊंची और काफी दूर तक होने के चलते गोदाम के पास पहुंचना फायर ब्रिगेड कर्मियों को मुश्किल हो रहा था। आग से पूरे इलाके के लोग भी दहशत में घर छोड़कर बाहर आ गए। देर रात तक सीएफओ की निगरानी में फायर ब्रिगेड की टीम आग बुझाने में जुटी रही। चकेरी का सर्किल फोर्स भी मौजूद रहा। सीएफओ दीपक शर्मा ने बताया कि कोयला नगर जीटी रोड किनारे रेलवे की पटरियों से निकलने वाली पुरानी लकड़ियों का गोदाम है। इसमें काफी तादाद में लकड़ी भरी हुई थीं। साथ ही अन्य कबाड़ भी भरा था। यहां पर रोहित स्टील फर्म का बोर्ड लगा है जिसमें प्रोपराइटर जगमोहन जायसवाल का नाम है। आसपास के लोगों ने बताया कि रात 9 बजे यहां से धुआं निकलते नजर आया। जब तक लोग समझ पाते और गोदाम मालिक को सूचना दी तब तक धुआं आग की लपटों में तब्दील हो गया। देखते ही देखते आग ने पूरे गोदाम को अपनी चपेट में ले लिया। गोदाम में लकड़ियों के साथ ही प्लास्टिक का भी टनो कबाड़ भरा हुआ था। इसके चलते आग तेजी से फैली और आसपास के पूजा पांडाल और अन्य एक गोदाम को भी अपने चपेट में ले लिया। सूचना पर फायर ब्रिगेड की आठ गाड़ियां और 25 से ज्यादा फायर ब्रिगेड के जवान आग बुझाने के लिए मशक्कत शुरू कर दी। देर रात तक आग बुझाने का प्रयास चलता रहा। फजलगंज के साथ जाजमऊ ,मीरपुर कैंट और किदवई नगर फायर स्टेशन से दमकल की 8 गाड़ी मौके पर पहुंची। सीएफओ दीपक शर्मा 25 से अधिक फायर ब्रिगेड के जवानों के साथ आग को काबू पाने का प्रयास करते रहे। प्राथमिक जांच में कोई भी एनओसी या अग्निशमन यंत्र नहीं लगे मिले। अवैध रूप से लकड़ी का गोदाम संचालित किया जा रहा था। जिसमे संलिप्तता अग्निशमन विभाग के कुछ अधिकारियों की भी है।










