
संवाददाता
कानपुर। शिवराजपुर विकासखंड के कमालपुर खोंदन गांव में स्थित वृहद गोशाला में पाई गई अनियमितताओं को लेकर लगातार कार्रवाई जारी है। जांच के बाद ग्राम सचिव के निलंबित किए जाने के बाद अब पशु चिकित्साधिकारी का वेतन रोक दिया गया, बीडीओ व प्रधान को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
शिवराजपुर के कमालपुर खोंदन गांव स्थित वृहद गौ आश्रय स्थल में गंदगी, चारे पानी का अभाव , बीमार गोवंश को उपचार न मिलने सहित तमाम अव्यवस्थाओं के चलते गोशाला में लगातार गोवंश की मौत होने की शिकायतें आ रही थीं और मृत गोवंश के फोटो वीडियो भी वायरल हो रहे थे।
मामले में संज्ञान में लेते हुए मुख्य विकास अधिकारी दीक्षा जैन के निर्देश पर खंड विकास अधिकारी बलराम सिंह एवं पशु चिकित्सा अधिकारी अजय निरंजन ने संयुक्त रूप से गोशाला का निरीक्षण किया था।
विकास खंड शिवराजपुर के वृहद गौ आश्रय स्थल, कमालपुर खोदन में लापरवाही मिलने पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए पंचायत सचिव राकेश झा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अब गौवंश आश्रय स्थल के पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. रमाकांत सिंह का वेतन रोकते हुए उन्हें नोटिस दिया गया है। वहीं, खंड विकास अधिकारी शिवराजपुर बलराम और ग्राम प्रधान कमलेश कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी की गई है।
निरीक्षण में गौशाला में चार गौवंश बीमार और कमजोर पाए गए । एक गौवंश की 9 अगस्त को मृत्यु हो चुकी थी, जिसका नियमानुसार अंतिम संस्कार किया गया। बीमार गोवंश का उपचार जारी है। गौशाला में पर्याप्त भूसा और साइलेज मिला, जबकि शेड के बाहर कीचड़ था, जिसे साफ कराया गया।
गोशाला में इस समय कुल 361 गौवंश संरक्षित हैं। निरीक्षण में पाया गया कि ग्राम पंचायत सचिव ने अभिलेख अद्यतन नहीं किए थे, जिन्हें तत्काल अद्यतन करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला विकास अधिकारी आलोक कुमार सिंह ने बताया कि लापरवाही और शिथिल पर्यवेक्षण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।






