
संवाददाता
कानपुर। नगर के कम्पोजिट विद्यालय खेरसा के इंचार्ज प्रधानाध्यापक विकास चंद्र तिवारी ने खंड शिक्षा अधिकारी भरत कुमार वर्मा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रधानाध्यापक ने बिधनू थानाप्रभारी को पत्र लिखकर खंड शिक्षा अधिकारी पर भ्रष्टाचार और मारपीट का आरोप लगाया है।
शिक्षक विकास तिवारी के अनुसार निरीक्षण के दौरान खंड शिक्षा अधिकारी ने विद्यालय के बजट में से 25 प्रतिशत कमीशन की मांग की थी। जब उन्होंने इससे इनकार किया तो खंड शिक्षा अधिकारी ने उन्हें एक कमरे में ले जाकर अपशब्द कहे और करियर बर्बाद करने की धमकी दी। प्रधानाध्यापक ने आगे बताया कि जब वे कार्यालय में हार्डकॉपी जमा करने गए तो खंड शिक्षा अधिकारी भरत कुमार वर्मा ने उन पर हमला कर दिया।
आरोप है कि खंड शिक्षा अधिकारी ने उन्हें धक्का दिया,जिससे उनका सिर दरवाजे से टकरा गया और उन्हें चोट आई। विकास तिवारी का कहना है कि उनकी मांगें पूरी न करने के कारण उन्हें झूठे विभागीय नोटिस देकर और जेल भेजने की धमकी देकर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।
वहीं बीईओ भरत वर्मा ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को पत्र लिखकर प्रधानाध्यापक विकास चंद्र तिवारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
बीईओ का आरोप है कि शिक्षक के विरुद्ध जनवरी, फरवरी 2026 में कई पत्र जारी किए गए थे,लेकिन उन पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया। खंड शिक्षा अधिकारी ने शिक्षक के शैक्षिक अभिलेखों, सी.पी.एड प्रमाण पत्र, इंटरमीडिएट एकल विषय विज्ञान प्रमाण पत्र और अन्य विभागीय नियुक्तियों की गहन जांच की मांग करते हुए आरोप लगाया कि शिक्षक को बचाने का प्रयास किया जा रहा है,जिससे विभाग की गरिमा को ठेस पहुंच रही है।
भरत कुमार वर्मा ने तत्काल प्रभाव से शिक्षक का वेतन रोकने और सरकारी राजस्व की हानि रोकने की अपील की है।यह विवाद अब आमने-सामने की लड़ाई बन चुका है।
एक तरफ शिक्षक पुलिस से सुरक्षा और प्राथमिकी दर्ज करने की मांग कर रहे हैं,वहीं दूसरी तरफ अधिकारी शिक्षक की नियुक्ति और दस्तावेजों पर सवाल उठा रहे हैं।
प्रतिलिपि शासन के उच्चाधिकारियों और जिलाधिकारी कानपुर नगर को भी भेजी गई है।
थाना प्रभारी बिधनू तेज बहादुर सिंह ने बताया कि मामला शिक्षा विभाग से जुड़ा है दोनों पक्षों से तहरीर मिली है। पुलिस मामले की जांच कर रही है जल्द ही जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेज दी जाएगी।






