February 17, 2026

संवाददाता
कानपुर।
  बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन ने एआईएमआईएम  के राष्ट्रीय अध्यक्ष पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा- औवेसी भड़काऊ भाईजान हैं। मुसलमानों को भड़का कर खुद हैदराबाद के महल में रहते हैं। गरीब मुसलमानों को टकराव के रास्ते पर लाकर तनाव पैदा करते हैं। वो 15 मिनट वाले नेता हैं। जो समझदार लोग हैं, वो उनके झांसे में नहीं आते हैं। 

कानपुर पहुंचे शाहनवाज हुसैन ने कहा- विदेशी ताकतों के इशारे पर राहुल गांधी देश को बदनाम कर रहे है।
शाहनवाज हुसैन बीजेपी नेता सलीम अहमद के जाजमऊ स्थित निवास पर एक निजी कार्यक्रम में पहुंचे थे। भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। उनके साथ लखनऊ से अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष कुंवर बासित अली भी पहुंचे।
शाहनवाज हुसैन ने कार्यकर्ताओं से मुलाकात के बाद  चर्चा की। उन्होंने कहा- देश में जिस तरह से राहुल गांधी विपक्ष की भूमिका में हैं। ऐसा लगता है जैसे कि 99 सीट जीतकर उनका सत्ता पर अधिकार हो गया। राहुल ने देश को गुमराह करने का काम किया। अमेरिका से डील हुई तो कह दिया देश बेच दिया।
शाहनवाज हुसैन ने उत्तर प्रदेश के बजट को “बेहतरीन” बताया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश लगातार विकास की ओर बढ़ रहा है। उनके अनुसार, उत्तर प्रदेश खुशकिस्मत है कि उसे ऐसा मुख्यमंत्री मिला है जो विकास को सबसे ज्यादा महत्व देता है।
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि “लाल टोपी वाले अब कुछ भी कहें, जनता उनकी बातों पर भरोसा नहीं करेगी।” हुसैन ने भरोसा जताया कि वर्ष 2027 में फिर से प्रदेश में भाजपा की सरकार बनेगी।
समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव भी समझ चुके हैं कि अगला चुनाव उनके लिए आसान नहीं होगा। हुसैन ने दावा किया कि प्रदेश में “मोदी इफेक्ट” काम कर रहा है और जनता भाजपा की नीतियों का समर्थन कर रही है।
उन्होंने कि बड़ी संख्या में व्यापारी उत्तर प्रदेश में निवेश कर रहे हैं और दूसरे राज्यों से लोग यहां रोजगार के लिए आ रहे हैं। उनके मुताबिक, योगी सरकार ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था को मजबूत किया है।
विदेशी ताकतों के इशारों पर राहुल गांधी देश को बदनाम कर रहें है। नरेन्द्र मोदी ने सौगंध ली है कि देश नहीं बिकने दूंगा। राहुल गांधी अपना व्यवहार बदलें। विपक्ष के नेता की कुछ मर्यादा भी होती है। हमारे यहाँ अटल जी, आडवाणी जी, सुषमा स्वराज जी जैसे नेता रहे। उन्होंने विपक्ष के नेता के तौर पर मर्यादा स्थापित की थी।
एसआईआर बिहार में सबसे पहले हुआ। कोई दिक्कत नहीं आई। लेकिन अब जिस तरह से विपक्ष कर रहा है वो गलत है। एसआईआर चुनाव आयोग करा रहा है। अब ममता बनर्जी को लग रहा है कि वो चुनाव हार जाएंगी तो इस पर विरोध हो रहा है। 

Related News