
संवाददाता
कानपुर। सेंट्रल स्टेशन पर एक 61 साल की एक महिला चलती ट्रेन में चढ़ने लगी और उसका बैलेंस बिगड़ गया। महिला ट्रेन के नीचे जा गिरी। ट्रेन निकल जाने के बाद ड्यूटी पर तैनात आरपीएफ के सिपाही ने महिला को ट्रेन के नीचे से निकाला।
करीब 1 मिनट तक महिला ट्रेन के नीचे फंसी रही। महिला को कई जगह पर चोटें आईं हैं और उसे इलाज के लिए हैलेट अस्पताल भेजा गया है।
घटना 24 अगस्त की है। गरीब रथ भोपाल एक्सप्रेस रात 12:33 बजे प्लेटफॉर्म नंबर 5 पर पहुंची। 3 मिनट का स्टॉपेज खत्म होने पर जैसे ही ट्रेन चली, अयोध्या की रहने वाली महिमा गंगवार चढ़ने की कोशिश में फिसल गईं। वह पूरी तरह ट्रेन के नीचे चली गईं। उनके पति राजवीर सिंह ने बचाने का प्रयास किया लेकिन नाकाम रहे। प्लेटफॉर्म पर मौजूद यात्री भी शोर मचाते हुए मदद को दौड़े।
इसी दौरान ड्यूटी पर मौजूद आरपीएफ के जवान तुरंत मौके पर पहुंचे। ट्रेन लगातार चल रही थी, ऐसे में जवान नीचे गिरी महिला को बार-बार हिम्मत बंधाते रहे कि घबराइए मत, एकदम किनारे बने रहिए। करीब एक मिनट तक ट्रेन महिला के ऊपर से गुजरती रही, लेकिन वह किनारे दबकर पड़ी रहीं।
आखिरकार जब ट्रेन रुकी, आरपीएफ सिपाहियों ने महिला को बाहर निकलने के लिए कहा। सभी की सांसें थमी रह गईं जब महिला खुद अपने पैरों पर चलकर बाहर आ गईं। उनके हाथ-पैर पर हल्की चोटें आई थीं, लेकिन बड़ी दुर्घटना टल गई।
आरपीएफ कर्मियों ने उन्हें तुरंत प्लेटफॉर्म नंबर 1 पर बने मेडिकल रूम में प्राथमिक उपचार दिलाया। इसके बाद उनके बेटे, जो कानपुर के हैलट अस्पताल में डॉक्टर हैं, के साथ महिला को आगे इलाज के लिए भेज दिया गया।
घटना का पूरा वीडियो स्टेशन पर लगे सीसीटीवी कैमरों और यात्रियों के मोबाइल में कैद हो गया है। उसमें साफ दिखाई दे रहा है कि महिला चलती ट्रेन के नीचे फंसी रही और आरपीएफ जवान लगातार उन्हें संभालते रहे।
मौके पर मौजूद लोगों ने कहा कि यह वाकई चमत्कार से कम नहीं था कि महिला इतनी देर तक ट्रेन के नीचे रहने के बावजूद सही-सलामत बाहर निकल आईं।






