
संवाददाता
कानपुर। पनकी के सरायमीता हाईवे पर शनिवार को हुए बस हादसे में जान गंवाने वाली महिला के परिजन रविवार को महाराष्ट्र के नासिक से कानपुर पहुंचे। परिजनों ने पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर शव की पहचान की और रो पड़े। पुलिस ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव बनारस ले जाया जाएगा, जहां अंतिम संस्कार किया जाएगा।
शनिवार सुबह सरायमीता हाईवे पर तेज रफ्तार बस एक ट्रेलर से टकरा गई थी। बस में सवार यात्री महाराष्ट्र के नासिक से धार्मिक यात्रा पर निकले थे।
अयोध्या–बनारस होते हुए नेपाल जाने का था कार्यक्रम
महाराष्ट्र के नासिक थाना ओजर क्षेत्र के गणेश नगर निवासी ज्ञानेश्वर जाधव ने बताया कि उनकी मां भागीरथी जाधव, बहनें पुष्पा, सारिका, तारावही और बहन सारिका के पति रामबहु समेत पड़ोस के अन्य लोग नासिक से 10 दिन के टूर पर निकले थे। सभी को नासिक से अयोध्या, बनारस होते हुए नेपाल जाना था और फिर वापस नासिक लौटना था।
ज्ञानेश्वर ने बताया कि शनिवार को बहन सारिका के मोबाइल से उन्हें हादसे की सूचना मिली कि कानपुर के पनकी हाईवे पर बस का एक्सीडेंट हो गया है। जानकारी मिलते ही वह तुरंत ट्रेन से कानपुर के लिए रवाना हो गए। रविवार सुबह करीब 7 बजे कानपुर सेंट्रल स्टेशन पहुंचे और वहां से हैलट अस्पताल जाकर परिजनों से मिले।
ज्ञानेश्वर ने बताया कि शनिवार सुबह ही मां से फोन पर बातचीत हुई थी। मां ने बताया था कि बस उरई के पास एक ढाबे पर रुकी थी, जहां चाय-नाश्ता करने के बाद सभी अयोध्या के लिए रवाना हुए थे। कुछ देर बाद बहन के फोन से पुलिस ने हादसे की सूचना दी।
पनकी थाना प्रभारी मनोज सिंह भदौरिया ने बताया कि शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। परिजन कानपुर पहुंच चुके हैं। पोस्टमार्टम के बाद शव उन्हें सौंप दिया जाएगा, जिसे वे बनारस ले जाकर अंतिम संस्कार करेंगे।






