
संवाददाता
कानपुर। चौबेपुर थाना क्षेत्र में साढ़े तीन वर्ष पहले युवक की कुल्हाड़ी से हत्या के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने मृतक के ममेरे भाई हर्षित उर्फ हर्ष वाल्मीकि और उसके साथी शिवम कुमार को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। दोनों पर दो-दो लाख रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है। जुर्माना न देने पर दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
एडीजीसी विवेक त्रिपाठी के मुताबिक, जून 2022 में दिलीप नगर मोड़ के पास रामकिशन के खेत में चौबेपुर निवासी ताराचंद्र का शव मिला था।
मृतक के भाई राजेश की तहरीर पर मुकदमा दर्ज हुआ। राजेश ने बताया था कि 14 जून 2022 को ताराचंद्र अपने ममेरे भाई हर्षित और उसके दोस्त शिवम के साथ नौटंकी देखने गया था। बाद में दोनों कानपुर लौट आए, लेकिन ताराचंद्र घर नहीं पहुंचा। तलाश के दौरान उसका शव खेत में बरामद हुआ।
सुनवाई के दौरान 10 गवाहों को अदालत में पेश किया गया। डॉ. अभिषेक और नीरज लोहार की गवाही अहम रही। नीरज लोहार ने बताया कि आरोपी शिवम ने उसी से कुल्हाड़ी खरीदी थी, जिसका इस्तेमाल हत्या में किया गया।
अभियोजन के अनुसार, अप्रैल 2022 में जन्मदिन पार्टी के दौरान हर्षित ने ताराचंद्र को एक करीबी लड़की के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। इसी रंजिश में उसने शिवम के साथ मिलकर साजिश रची और कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या कर दी। पोस्टमार्टम में शरीर पर सात गहरे घाव मिले और अत्यधिक रक्तस्राव से मौत की पुष्टि हुई। अदालत ने आदेश दिया कि वसूले गए जुर्माने की 90 प्रतिशत राशि मृतक की मां को दी जाएगी।






