January 31, 2026

संवाददाता
कानपुर।
ब्रम्हनगर इलाके में 500 मीटर की दूरी में तीन जगह सड़क धंस चुकी है। रामबाग चौराहे पर 6 महीने से काम चल रहा है। बृहमनगर चौराहा से 70 मीटर की दूरी पर 6 महीने पहले रामबाग गुरुद्वारा के सामने सड़क धंस गई थी।
22 जनवरी को ईदगाह चौराहे पर 25 फिट गहराई में सड़क धंसी थी। 24 जनवरी 2025 को बृहमनगर चौराहे पर सड़क धंसी थी। रामबाग गुरुद्वारा और ईदगाह चौराहे पर निर्माण कार्य चल रहा है। इससे स्थानीय लोग परेशान हैं। सड़क धंसने के कारण मकानों के गिरने का खतरा बढ़ गया है।
नगर निगम ने 7 दुकानो और घरों के बाहर नोटिस चस्पा किए थे। अब इन लोगों को अपने घर छोड़कर रैन बसेरों में रहना होगा। 
बृहमनगर चौराहा से रामबाग गुरुद्वारा की दूरी महज 70 मीटर है। यहां पर 6 महीने पहले नाले की डाट धंस गई थी। जिसके बाद गुरुद्वारा के सामने सड़क धंस गई थी। अब यहां पर 6 महीने के बाद भी काम चल रहा है। 
यहां के रहने वाले रिंकू गुप्ता बताते है, इस सड़क पर 6 महीने से काम चल रहा है। इससे पहले कानपुर नगर निगम की एक टीम काम करने के लिए आई थी, 1 महीने काम करने के बाद काम छोड़ के चली गई थी। अब दिल्ली की टीम आई है, ये टीम काम सही कर रही है।
पहले नगर निगम की टीम लगी रही लेकिन वह काम ही नहीं कर पाई। 

गुरुद्वारा 6 महीने से बंद पड़ा हुआ है। न कोई आ रहा है न कोई जा रहा है। न ही वाहे गुरु की पूजा हो रही है।
सतवंत भाटिया ने बताया कि अगर एक साथ काम हो तो लोगों को राहत मिले। काम होता है फिर बंद हो जाता है।
सतवंत भाटिया ने बताया कि अगर एक साथ काम हो तो लोगों को राहत मिले। काम होता है फिर बंद हो जाता है।
सुधीर गुप्ता बताते है यह सड़क 7 महीने से बंद पड़ा हुआ है। धीरे धीरे काम में कुछ स्पीड आई है। लेकिन अब उधर ईदगाह चौराहा के पास सड़क धंसी है। अब पता नहीं ये काम कब तक चलेगा। काम धंधा सब चौपट हो गया है। 500 मीटर में 3 जगह सड़क धंसी हुई है। अगर सड़क जल्दी से बन जाए तो हमारे कष्ट दूर हो जाएंगे।
ईदगाह चौराहा पर मंगलवार रात में दोबारा से सड़क धंस गई थी। अभी तक 3 दिनों में 3 बार सड़क धंस चुकी है। लगातार धंस रही सड़क अब आसपास बने घरों को अपने जद में ले सकती है, इससे निपटने के लिए प्रशासन ने आज 7 घरों पर दोबारा से नोटिस चिपकाए है, साथ ही आसपास रहने वाले लोगों को एनाउंस करके घर खाली करने को कहा गया है।
नगर निगम ने माइक एनाउंसमेन्ट के जरिए लोगों से कहा- सड़क लगातार धंस रही है, सुरक्षित रहने के लिए सभी लोग जल्द से जल्द खाली कर दीजिए। सभी लोगों को रहने के लिए जोन 4 हैलट रैनबसेरा, चुन्नीगंज रैनबसेरा, कार्डियोलॉजी रैनबसेरा, परमट रैन बसेरा, भैरवघाट रैनबसेरा, मछलीघाट रैनबसेरा में रह सकते है।
सुधीर शुक्ला ने बताया कि प्रशासन ने काम शुरू किया है, लेकिन जिस तरीके से काम हो रहा है। उससे काम कम नहीं हो रहा बल्कि बढ़ता हुआ नजर आ रहा है। अगर ये काम स्पीड में नहीं हुआ तो ये काम कई महीने तक खींच जाएगा। इस नाले पर काम तो हो रहा है। लेकिन अब काम बढ़ने की ज्यादा उम्मीद है। अब प्रशासन को जल्दी से काम करना चाहिए
सनित दिवाकर ने बताया आज बड़े अधिकारी आए थे, सही काम करने के बारे में कह रहे थे। अधिकारियों ने कहा आप लोग मकान खाली करने के लिए सुरक्षित स्थान पर चले जाइए। क्योंकि नाला ऑलरेडी बढ़ता हुआ चला जा रहा है।
यहां पर दोनों नाले धंस चुके है। आज करीब 15 लेवर को बढ़ाया गया है। कल दोबारा से मकान खाली करने का नोटिस लगाया गया था। अधिकारियों ने बताया आप लोग नगर निगम के रैन बसेरे में रह सकते है।
ईदगाह चौराहे के पास रहने वाले सूरज बताते है, बीते 3 दिनों से लगातार सड़क की मिट्टी धंस रही है, पहले एक नाला धंसा था अब दोनों नाले धंस चुके है। नगर निगम ने पहले 12 फिट गहराई की बात नोटिस में लिखी थी, लेकिन अब दूसरे नोटिस में इसकी गहराई 20 फिट बताई है। इसको देखें तो खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। हम लोग रैन बसेरों में कैसे रह पाएंगे। नगर निगम के द्वारा 23 तारीख को मकान खाली करने के लिए नोटिस लगाए थे। इस समय नाले की गहराई 12 फिट दिखाई गई थी। लेकिन अब प्रशासन ने आज दोबारा से नोटिस मकान खाली करने के लिए नोटिस लगाए हैं, जिसमें अब नाले की गहराई 20 फिट बताई गई है।
आज नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने मौके पर पहुंच चल रहे काम का स्थलीय निरीक्षण किया, आसपास के मकानों को खाली करवाने के एनाउंसमेंट करवाया, जिससे घर के अंदर रहने वाले लोग सुरक्षित हो सकें।