March 3, 2026

संवाददाता
कानपुर।
एक सौतेले पिता ने बेटी के साथ रेप की घटना को अंजाम दिया था। इस मामले में बर्रा पुलिस ने गुरुवार को आरोपी पिता को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है। किशोरी ने घटना के समय जो कपड़े पहने थे वो भी पुलिस ने बरामद कर लिए हैं। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया। जिसके बाद पुलिस ने आगे की कार्रवाई की।
बर्रा इलाके में रहने वाली किशोरी के मुताबिक उसके सौतेले पिता मुकेश भट्ट ने बीते एक साल में कई बार बेटी के साथ रेप किया। किशोरी की मां दूसरो के घरों में काम करती है। मां के मुताबिक जब वो घर पर नहीं रहती थी उसी वक्त मुकेश भट्ट घटना को अंजाम देता था।
पीड़िता किशोरी के मुताबिक 14 जून 2025 को सौतेले पिता ने छोटी बहन को घर से बाहर भेज दिया और उसके बाद आरोपी ने किशोरी के साथ रेप किया औऱ उसे बेरहमी से मारापीटा। इस दौरान मां भी घर पर पहुंच गई थी। उसने घटना का विरोध किया तो सौतेले पिता ने मां को भी लाठी डंडे लात घूंसों से पीट दिया।

पीड़िता किशोरी कि शिकायत पर 15 जून 2025 को बर्रा थाने में मुकेश भट्ट के खिलाफ पॉक्सो एक्ट, रेप, मारपीट समेत अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया गया। घटना पुलिस के गले भी नहीं उतर रही थी। लिहाजा बर्रा इंस्पेक्टर ने टीम लगाकर मामले में जांच कराई। इस दौरान पुलिस ने पीड़िता और आरोपी के कपड़े बरामद किए और उनकी फोरेंसिक जांच में रेप की पुष्टि हो गई। जिसके बाद बर्रा पुलिस ने आरोपी सौतेले पिता को गिरफ्तार करते हुए गुरुवार को जेल भेज दिया।
पीड़िता की मां ने बताया कि 12 साल पहले उनकी पुखरांया में शादी हुई थी। पति का भाभी से चक्कर चल रहा था तो उसने पीड़िता की मां को छोड़कर भाभी को रख लिया था और पीड़िता की मां को घर से निकाल दिया। जिसके बाद वो कानपुर आ गई और बच्चों के साथ अकेले रहकर जीवन यापन करने लगी थी।
पीड़िता की मां ने बताया कि नौ साल पहले वो एक महिला के सम्पर्क में आई थी। जिसने उसे घर बैठे अकेलापन खत्म करने वाले कॉल सेंटर से जोड़ दिया था। उसे एक मोबाइल फोन दिया गया था। साथ ही कहा गया था कि इसमें जो फोन आएंगे। उससे तुम्हें बात करनी है और प्रति घंटे के हिसाब से तुम्हें पैसा मिलेगा। इसी के जरिए पीड़िता की मां मुकेश भट्ट के सम्पर्क में आई थी। बात होते होते उसने प्रेम जाल में फंसाकर कानपुर में ही कोर्ट में शादी कर ली थी।
इंस्पेक्टर बर्रा नीरज ओझा के मुताबिक आरोपी को हिरासत में पहले लिया जा चुका था। घटना को लेकर जब पुलिस को पुख्ता सबूत मिले तब उसको कोर्ट में पेश करके जेल भेज दिया गया।