
संवाददाता
कानपुर। मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में किडनी ट्रांसप्लांट शुरू करने की तैयारी को लेकर तीन सदस्यीय विशेषज्ञ टीम ने निरीक्षण किया। इस टीम में लखनऊ के केजीएमयू से डॉ. ईश्वर राम दयाल, एसजीपीजीआई लखनऊ से डॉ. नारायण प्रसाद और केजीएमयू के ही डॉ. अभिनव सोनकर शामिल रहे। टीम ने अस्पताल में मौजूद संसाधनों, इंफ्रास्ट्रक्चर, मेडिकल स्टाफ और तकनीकी तैयारियों का बारीकी से जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान विशेषज्ञों ने ऑपरेशन थिएटर, आईसीयू, नेफ्रोलॉजी और यूरोलॉजी से जुड़ी सुविधाओं के साथ-साथ मरीजों की देखभाल की व्यवस्थाओं को भी परखा। टीम अब इस निरीक्षण के आधार पर एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी, जिसे सरकार को सौंपा जाएगा। रिपोर्ट के बाद सरकार की ओर से हरी झंडी मिलने पर कानपुर मेडिकल कॉलेज में किडनी ट्रांसप्लांट की प्रक्रिया शुरू हो सकेगी।
वर्तमान में उत्तर प्रदेश में सरकारी संस्थानों के स्तर पर केवल लखनऊ स्थित केजीएमयू में ही किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा उपलब्ध है। कानपुर में यह सुविधा शुरू होने से केजीएमयू पर मरीजों का दबाव कम होगा और आसपास के जिलों के मरीजों को भी बड़ी राहत मिलेगी।
विशेषज्ञों और प्रशासन को उम्मीद है कि सभी औपचारिकताएं पूरी होते ही जल्द ही यहां किडनी ट्रांसप्लांट शुरू कर दिया जाएगा।
निरीक्षण के दौरान मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. संजय काला, प्रमुख अधीक्षक डॉ. आरके सिंह, उप प्रधानाचार्य डॉ. रिचा गिरी के साथ डॉ. युवराज गुलाटी और डॉ. अनिल वैद्य भी मौजूद रहे। कॉलेज प्रशासन ने टीम को मौजूदा व्यवस्थाओं और भविष्य की योजनाओं की जानकारी दी।
स्वास्थ्य सेवाओं के लिहाज से यह कदम कानपुर और आसपास के क्षेत्र के लिए मील का पत्थर साबित हो सकता है। किडनी रोग से जूझ रहे मरीजों को अब इलाज के लिए लखनऊ या दूसरे राज्यों की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी।






