
संवाददाता
कानपुर। कैबिनेट मंत्री राकेश सचान के बंद पड़े डिग्री कॉलेज में एक 9 साल की बच्ची की लाश मिली है। बच्ची की लाश क्लासरूम में दुपट्टे के फंदे से लटकी हुई थी। कमरे में टीवी चल रही थी। चौकीदार ने शव देखकर पुलिस को सूचना दी। फोरेंसिक टीम ने सबूत जुटाए। यह बाबा बैजनाथ डिग्री कॉलेज 2016 से बंद है।
मृतक बच्ची अपनी नानी के साथ इसी कॉलेज में रहती थी। घटना के बाद से नानी फरार है। वैष्णवी उर्फ रानी प्राइमरी स्कूल में क्लास-2 में पढ़ती थी। पुलिस आईडी कार्ड देखकर हैरान रह गई। इसमें पिता की जगह नाना और मां की जगह नानी का नाम लिखा है। फिलहाल, पुलिस हत्या और आत्महत्या दोनों एंगल से जांच कर रही है।
वैष्णवी उर्फ रानी की मां लक्ष्मी की दूसरी शादी बाबूपुरवा निवासी मंजीत से हुई थी। पिता मंजीत ने बताया कि पत्नी लक्ष्मी की पहली शादी से एक बेटी वैष्णवी उर्फ रानी थी, जिसकी देखरेख नानी ममता करती थी। हमारी और लक्ष्मी की दो बेटियां रिद्धि और कीर्ति भी हैं। दोनों बेटियां और पत्नी लक्ष्मी के साथ हम लोग बाबूपुरवा में रहते हैं। वैष्णवी नानी के साथ घाटमपुर के बरनाव मोड़ स्थित बंद पड़े कैबिनेट मंत्री राकेश सचान के डिग्री कॉलेज में रहती थी।
मंजीत ने बताया कि वैष्णवी कृपालपुर के प्राइमरी स्कूल में पढ़ती थी। रक्षाबंधन पर हम उससे मिलने गए थे, तब भी उसने किसी परेशानी की बात नहीं कही थी। चौकीदार का फोन आया कि वैष्णवी फांसी पर लटकी मिली है। इसके बाद मैं और पत्नी तुरंत कॉलेज पहुंचे। घटना के बाद से नानी ममता कॉलेज से लापता है। पिता मंजीत के मुताबिक, उन्होंने कई बार सास ममता को फोन किया, लेकिन उसका फोन लगातार स्विच ऑफ आ रहा है। इसकी जानकारी पुलिस को दी गई है।
कॉलेज में रात में रखवाली घाटमपुर थाना क्षेत्र के धरमंगधपुर गांव निवासी कामता करता है। उसने बताया- रोज रात ममता एक बार पूछने आती थी कि गेट बंद है या नहीं। लेकिन ममता काफी देर तक नहीं दिखी।
फिर मैं राउंड पर कॉलेज में निकला तो देखा कि उसके कमरे का दरवाजा खुला पड़ा था। मैंने ममता और बच्ची को आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। फिर मैं पास गया तो बच्ची का शव कमरे के अंदर पंखे से फांसी पर लटका मिला।
एसीपी कृष्णकांत यादव ने बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। फोरेंसिक टीम ने जरूरी सबूत जुटाए हैं। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस नानी की तलाश में भी जुटी हुई है।
सालभर पहले इस डिग्री कॉलेज में कैबिनेट मंत्री राकेश सचान की बेटी राशि सचान के फाउंडेशन की ओर से ग्राम उद्योग प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया था। यह शिविर लगभग एक महीने तक चला था। इसमें आसपास के गांवों की महिलाओं और युवतियों को ब्यूटीशियन, सिलाई, डिब्बे बनाने का काम सिखाया जाता था। इसके बाद से कॉलेज में कोई गतिविधि नहीं हुई है।






