
संवाददाता
कानपुर। डा. कर्णी सिंह शूटिंग रेंज में आयोजित आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप में छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय, कानपुर की बी.पी.ई.एस. प्रथम वर्ष की छात्रा और निशानेबाज अंशिका ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 50 मीटर राइफल प्रोन जूनियर महिला वर्ग में रजत पदक जीता। उन्होंने 619.2 अंक अर्जित किए और विश्व रिकॉर्ड से मात्र 2 अंक दूर रहीं। यह भी उल्लेखनीय है कि इस स्पर्धा में भारत ने गोल्ड, सिल्वर और ब्रॉन्ज तीनों पदक जीतकर क्लीन स्वीप किया और पदक तालिका में बढ़त बनाई।
अंशिका का यह सफर केवल एक पदक तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अनुशासन, कठिन परिश्रम और अटूट विश्वास की प्रेरणादायी कहानी है।
सीमित संसाधनों के बावजूद अपने कोच चंद्र मोहन तिवारी के मार्गदर्शन और विश्वविद्यालय की खेल नीति के सहयोग से अंशिका ने लगातार अभ्यास कर अपने खेल को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया।
अंशिका की पिछली प्रमुख उपलब्धियों में अगस्त 2025 में एशियन शूटिंग चैंपियनशिप, कजाकिस्तान में भारत का प्रतिनिधित्व करके 611.0 अंक के साथ 6वाँ स्थान।

सितम्बर 2025 में उत्तर प्रदेश राज्य शूटिंग चैंपियनशिप, जयपुर में दो स्वर्ण पदक और 2025 में ही 67वें राष्ट्रीय खेल में रजत पदक प्राप्त करना उल्लेखनीय है।
इन उपलब्धियों ने उनके आत्मविश्वास को और मजबूत किया और आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप के मंच तक पहुँचने का मार्ग प्रशस्त किया।
अंशिका का कहना है कि आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप में रजत पदक जीतना मेरे जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। भले ही मैं विश्व रिकॉर्ड से 2 अंक दूर रह गई, यह अनुभव मुझे और अधिक मेहनत करने की प्रेरणा देता है। मेरा सपना है कि एक दिन भारत को ओलंपिक में स्वर्ण पदक दिलाऊँ।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने कहा कि अंशिका की सफलता हमारे विश्वविद्यालय की खेल नीति और खिलाड़ियों को निरंतर प्रोत्साहन का परिणाम है। उन्होंने विश्वविद्यालय, प्रदेश और राष्ट्र का नाम रोशन किया है। हमें पूर्ण विश्वास है कि वह शीघ्र ही ओलंपिक स्तर पर भी भारत का गौरव बढ़ाएँगी।
अंशिका की यह उपलब्धि केवल उनकी व्यक्तिगत जीत नहीं है, बल्कि यह उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणा है जो कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प के साथ सपनों को साकार करना चाहते हैं।
एशियन चैंपियनशिप से लेकर राज्य और राष्ट्रीय स्तर के पदकों तक और अब आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में रजत पदक तक अंशिका की यात्रा भारतीय निशानेबाजी के उज्ज्वल भविष्य की सशक्त गवाही है।






